समाधान शिविर में सख्त दिखी डीसी, अधिकारियों को शिविर में मौजूद रहने के निर्देश
वीरवार को लघु सचिवालय में आयोजित समाधान शिविर में आमजन की शिकायतों की सुनवाई के दौरान डीसी अपराजिता ने सख्त नजर आई। शिविर में देरी से पहुंचने पर डीसी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे समाधान शिविर में समय पर पहुंचे ताकि लोगों की समस्याओं का समाधान किया जा सके। उन्होंने कुछ जन शिकायतों के निवारण में हो रही देरी पर सख्त संज्ञान लिया और कहा कि लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीसी ने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए कि प्रत्येक फरियादी की समस्या को गंभीरता से सुना जाए और तय समय सीमा के भीतर उसका प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाए। यदि भविष्य में देरी से समाधान शिविर में पहुंचे तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। समाधान शिविर में आवारा कुत्तों की समस्या और अवैध अतिक्रमण को लेकर शिकायतें सामने आईं। स्थानीय निवासियों ने बताया कि क्षेत्र में खतरनाक कुत्तों के आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। वहीं, सुंदरान मोहल्ला एक व्यक्ति द्वारा पड़ोसी दुकानदारों द्वारा किए गए अतिक्रमण और छज्जे निकालने की शिकायत दर्ज कराई, जिससे रास्ता बाधित हो रहा है। जिस पर डीसी अपराजिता ने डीएमसी कपिल कुमार को दोनों समस्याओं पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसी प्रकार शिविर में वार्ड नंबर 22 की निवासी दर्शना देवी ने बताया कि उन्हें वर्ष 2005 से मिल रही विधवा पेंशन किसी कारण से रुक गई। इस पर डीसी ने जिला समाज कल्याण अधिकारी को निर्देश दिए कि इस मामले में तुरंत संज्ञान लेकर नियमानुसार पेंशन बहाल करवाएं। डीसी अपराजिता ने कहा कि जिला प्रशासन जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्य कर रहा है और इसे जमीनी स्तर पर सख्ती से लागू किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बिजली, पानी, सड़क और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए। इस अवसर पर एडीसी सुशील कुमार, जिला परिषद सुरेश राविश, डीएमसी कपिल शर्मा, एसडीएम संजय कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी सुभाष सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
