पहलगाम हमले के बाद एकशन में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी
हरियाणा के बड़े अधिकारियों के साथ बैठक कर दो टूक निर्देश
राज्य में शांति भंग करने की कोशिश करने वाले व्यक्ति के खिलाफ होगी सख्त कार्रवाई
कश्मीर के छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को कहा
चंडीगढ़। जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश की ओर से पहलगांव हमले की जवाबी कार्रवाई की तैयारियों में जुटे हैं, वहीं हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी भी केंद्र सरकार की कार्रवाई को देखते हुए एकशन में आ गए हैं और हरियाणा के आला अधिकारियों की बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य में शांति भंग करने वालों को किसी भी सूरत में नहीं बख्शा जाएगा। हरियाणा सिविल सचिवालय में आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए सीएम नायब सिंह सैनी ने कहा कि पहलगाम हमले के बाद उत्पन्न स्थिति और अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कहा कि इस हमले में कई निर्दोष लोगों की जान चली गई। ऐसे कृत्य किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।
भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, मुख्यमंत्री ने कहा कि पाकिस्तानी नागरिकों के लिए हरियाणा छोडऩे की अंतिम तिथि 27 अप्रैल, 2025 है। हालांकि, चिकित्सा वीजा धारकों के लिए यह सीमा 29 अप्रैल, 2025 तक है। यह समय सीमा लंबी अवधि के वीजा, राजनयिक वीजा अथवा आधिकारिक वीजा रखने वाले पाकिस्तानी नागरिकों पर लागू नहीं होगी।
मुख्यमंत्री ने सभी उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों को इन निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने राज्य में कानून व्यवस्था की समीक्षा करते हुए यह स्पष्ट किया कि राज्य की शांति भंग करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि राज्य भर के विभिन्न कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में पढ़ रहे कश्मीरी छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं। वर्तमान में हरियाणा के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में 1,157 कश्मीरी विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने संबंधित जिला प्रशासन को छात्रों की समस्याओं और चिंताओं को प्राथमिकता से सुलझाने तथा उन्हें सुरक्षा और भरोसे का माहौल प्रदान करने के लिए शैक्षणिक संस्थानों के साथ निरंतर संपर्क में रहने के निर्देश दिए।
