जींद में हुई बारिश के बाद मिलेगा मुआवजा
सरकार ने खोला पोर्टल
जिला जींद में हुई बारिश से फसलों के नुकसान का बयौरा दर्ज करने के लिए खोला गया क्षतिपूर्ति पोर्टल
10 मार्च तक किसान दर्ज कर सकते हैं फसल खराबे का बयौरा
चंडीगढ(कैथल खबर) २७ फरवरी – हरियाणा सरकार ने किसानों के हित में कदम उठाते हुए जिला जींद में हुई बारिश/ओलावृष्टि के कारण फसलों के नुकसान का बयौरा क्षतिपूर्ति पोर्टल पर दर्ज करने के लिए किसानों से आह्वान किया है। यह पोर्टल १०0 मार्च तक खुला रहेगा।
सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि जींद के उपायुक्त द्वारा दी गई रिपोर्ट अनुसार जिला जींद के गांव आसन, खरकरामजी, चाबरी, नेपेवाला, कोयल, बहादुरपुर और संडील आदि गांवों में 20 फरवरी को बेमौसमी बारिश के कारण फसलों को नुकसान हुआ है। किसानों द्वारा फसलों के खराबे की जानकारी पोर्टल पर दर्ज करने के लिए क्षतिपूर्ति पोर्टल खोलने का अनुरोध किया गया। उनके अनुरोध पर सरकार ने निर्णय लिया है कि जिला जींद के किसान अपनी खराब फसल की जानकारी क्षतिपूर्ति पोर्टल पर 10 मार्च तक दर्ज कर सकते हैं।
हरियाणा सरकार ने किसानों के हित में बनाया है क्षतिपूर्ति पोर्टल-प्रदेश सरकार ने किसानों के हित में क्षतिपूर्ति पोर्टल बनाया है। पूर्व की सरकारों के दौरान खराब फसल की गिरदावरी करने वाले पटवारी एवं अन्य कर्मचारियों पर नुकसान के आंकलन में भेदभाव के आरोप लगते रहे हैं। किसानों की असल समस्या को समझते हुए वर्तमान सरकार ने ही क्षतिपूर्ति पोर्टल बनाकर किसानों को यह भी सुविधा दी कि वे खुद भी अपनी खराब फसल की जानकारी अपलोड कर सकें। इससे किसान वर्ग में काफी ख़ुशी देखी गई। अब प्रभावित किसान इस क्षतिपूर्ति पोर्टल पर अपनी खराब फसल का बयोरा खुद दर्ज करा सकते हैं। इस पोर्टल के माध्यम से मुआवजा राशि मेरी फसल-मेरा बयोरा पोर्टल पर उपलबध करवाए गए काश्तकार के सत्यापित बैंक खाते में सीधे जमा करवाई जाती है। किसानों के बैंक खाते में सीधी धनराशि जाने से बिचौलिए की भूमिका भी सरकार ने खत्म कर दी है जिससे पूरा पैसा किसान को मिल जाता है।
