पुलिस टीम पर हमला करने तथा आरोपियों की सहायता करने के मामले में आरोपी गिरफ्तार
एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स पंजाब व स्पेशल टास्क फोर्स करनाल की संयुक्त टीम द्वारा की गई बड़ी कार्रवाई में कुख्यात गैंग के दो शार्प शूटरों को मुठभेड़ के बाद काबू किया गया, वही पुलिस टीम पर हमला करने तथा आरोपियों की सहायता करने के मामले में स्पेशल डिटेक्टिव यूनिट द्वारा एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि 19 मार्च को एजीटीएफ मोहाली को गुप्त सूचना मिली थी कि 18 मार्च को सेक्टर-9 चंडीगढ़ में चरणप्रीत उर्फ चिन्नी की हत्या में शामिल मुख्य शूटर राजन उर्फ पीयूष उर्फ पहलवान निवासी फिरोजपुर व उसका साथी प्रीतम शाह निवासी नवांशहर, गांव चौशाला जिला कैथल में भारी हथियारों के साथ छिपे हुए हैं। सूचना के आधार पर एजीटीएफ पंजाब व एसटीएफ करनाल की संयुक्त टीम ने योजनाबद्ध तरीके से गांव चौशाला में दबिश दी। पुलिस टीम को देखते ही तीन युवक भागने लगे, जिनमें से चोशाला निवासी साहिल को मौके पर ही काबू कर लिया गया, जबकि दो आरोपी कमरे में घुसकर पुलिस पर जानलेवा फायरिंग करने लगे। पुलिस द्वारा आत्मसमर्पण के लिए चेतावनी देने के बावजूद आरोपियों ने लगातार फायरिंग जारी रखी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने आत्मरक्षा करते हुए नीचे की ओर फायरिंग की, जिससे दोनों आरोपियों के पैरों में गोली लगी और वे गिर पड़े। इसके बाद पुलिस टीम ने दोनों को काबू कर लिया। मुठभेड़ के दौरान एसटीएफ करनाल के एसआई प्रवीण कुमार व एक अन्य कर्मचारी की बुलेटप्रूफ जैकेट पर गोलियां लगीं, जिससे बड़ा हादसा टल गया। गिरफ्तार शूटरों की पहचान राजन उर्फ पीयूष उर्फ पहलवान व प्रीतम शाह के रूप में हुई है, जो संगठित अपराध गिरोह के सक्रिय सदस्य हैं और विभिन्न आपराधिक वारदातों में वांछित बताए जा रहे हैं। मौके से अवैध पिस्तौल व कारतूस भी बरामद किए गए हैं। घायल आरोपियों को उपचार के लिए नागरिक अस्पताल में भर्ती करवाया गया। जांच के दौरान सामने आया कि उक्त दोनों शूटर गांव चौशाला निवासी साहिल के घर पर छिपे हुए थे। पुलिस टीम पर हमला करने के आरोप तहत विभिन्न धाराओं तहत थाना कलायत में मामला दर्ज किया गया। उक्त मामले की जांच स्पेशल डिटेक्टिव युनिट प्रभारी एसआई मुकेश कुमार की अगुवाई में एएसआई शमशेर सिंह की टीम द्वारा आरोपी गांव चौशाला निवासी साहिल को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी साहिल से पूछताछ दौरान खुलासा हुआ कि आरोपी राजन व प्रीतम ने उसे बताया था कि उन्होने चंडीगढ़ में हत्या की वारदात को अंजाम दिया है। उसने जानबूझकर आरोपियों को शरण दी और उनकी सहायता की। साहिल दिसंबर 2024 में मलेशिया गया था, जो साहिल व राजन मलेशिया की एक कंपनी में एक साथ सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करते थे, वहीं पर उनकी दोस्ती हुई। अप्रैल 2025 में साहिल भारत वापिस लौटा था। आरोपी शुक्रवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा, जिससे पूछताछ की जा रही है।
