विदेश भेजने के नाम पर लाखों रुपए की ठगी आरोपी काबू
विदेश भेजने के सब्जबाग दिखाकर आमजन से ठगी करने वाले आरोपियों पर एसपी उपासना के निर्देशानुसार जिला पुलिस द्वारा शिकंजा कसा जा रहा है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि ऐसे ही आस्ट्रेलिया भेजने के नाम पर लाखों की ठगी करने के एक मामले की जांच इकनॉमिक सैल प्रभारी इंस्पेक्टर ओमप्रकाश की अगुवाई में एसआई कुलबीर सिंह की टीम द्वारा करते हुए आरोपी नायगाव जिला पालघर महाराष्ट्र निवासी मनीष सिंह को नायगांव मुंबई से काबु कर लिया गया। प्रवक्ता ने बताया कि गांव खेड़ी गुलाम अली गांव निवासी महिंद्रपाल की शिकायत अनुसार वह अपने लड़के नवीन को विदेश भेजना चाहता था। इसके लिए उसने गांव बकाला पंजाब निवासी रणजीत कौर से बातचीत की, जिसने रणजीत इमीग्रेशन के नाम से पटियाला में कार्यालय बनाया हुआ है। रणजीत कौर ने कहा कि वह नवीन को ऑस्ट्रेलिया भेज देगी और इस काम के लिए 25 लाख रुपये मांगे। आरोपी ने कहा कि इसमें से 10 लाख रुपये एडवांस देने होंगे और बकाया राशि नवीन के ऑस्ट्रेलिया पहुंचने पर देने हैं। उन्होंने नवंबर 2023 से लेकर जनवरी 2024 तक आरोपी को 10 लाख रुपये दे दिए। रणजीत कौर ने कहा कि पहले नवीन को बैंकॉक भेजेगी और वहां से ऑस्ट्रेलिया भेज देगी। 26 जनवरी को आरोपी रणजीत कौर ने नवीन को बैंकॉक भेज दिया, लेकिन चार दिन बाद भी उसे आगे ऑस्ट्रेलिया नहीं भेजा और वापस मुंबई आने के लिए कहा। उसका लड़का दो महीने के करीब मुंबई में रहा और आरोपी के कहने पर उसकी साथी हरजीत कौर के खाते में मेरे लड़के नवीन ने अपने खाते से चार लाख 76 हजार रुपये डाल दिए। अप्रैल 2024 में नवीन मुंबई से घर वापस आ गया। जब उन्होंने दोबारा आरोपी से बातचीत की तो उसने कहा कि फर्जी वीजा उनको दे दिया। वीजा के फर्जी होने के कारण उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे तो आरोपी ने उनको एक चेक दिया जो बाउंस हो गया। बार-बार रुपये मांगने पर आरोपी रणजीत कौर तैश में आ गई और उसने व उसके साथियों ने उससे मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी दी। जिस बारे थाना चीका में मामला दर्ज कर लिया गया। उक्त मामले में पहले ही एक आरोपी को काबू किया जा चुका है। आरोपी मनीष उक्त वारदात में संलिप्त था, पैसे उसके बैंक अकाउंट में ट्रांसफर हुए थे। तथा पीड़ित को आरोपी मनीष के पास ही मुंबई में रोका गया था। व्यापक पूछताछ के लिए आरोपी का न्यायालय से 2 दिन पुलिस रिमांड हासिल किया गया हैं।
